आज हर कोई चाहता है को वो रफ़्तार से अंग्रेज़ी बोले। आपके रिश्तेदारो या दोस्तो में ऐसे बहुत होंगे जो इंग्लिश मीडियम स्कूल से पढ़ कर निकले हैं और बड़े कॉन्फिडेंस से इंग्लिश बोलते हैं। अंग्रेजी बोल पाना सिर्फ एक कौशल नहीआज एक जरूरत बन गई है। नौकरी के लिए इंटरव्यू मे आपकी तकनीकी ज्ञान चाहे कितनी भी अच्छी हो अगर आप अच्छी अंग्रेजी नहीं बोल सकते हैं तो आपकी सेलेक्शन नहीं होती ।
नौकरी मिल भी जाए तो प्रमोशन नहीं होता है। ऐसे में हम निराश हो जाते हैं।

आप अंग्रेजी समझ लेते हैं, अंग्रेजी में लिख भी सकते हैं, फिर भी आप को अंग्रेजी में बात करते वक्त सहजता होती है। काई बार आपने अंग्रेजी सीखने की खुद से कोशीश भी होगी फिर भी आप धाराप्रवाह, आत्मविश्वास और शब्दावली नहीं विकसित कर पा रहे हैं। हम आपको यहां कुछ छोटी-छोटी बातें बताने जा रहे हैं जिन पर ध्यान देकर आपअंग्रेजी बोलना सीख सकते हैं।

अंग्रेजी माहौल में रहें

अपनी मातृ भाषा सीखने के लिए हमने कभी कोई कोर्स नही किया है। इसकी वजह यह थी कि आपके चारों ओर लोग इसी भाषा में बात करते थे और उन्हें बोलते, सुनते आपने भी इसे बोलना सीख लिया। किसी भी भाषा को सीखने की यही प्रक्रिया है। हम आवाज के सहारे सुनकर और बिना व्याकरण की चिंता किए बोलना सीख जाते हैं। आप चारों ओर से हर तरीके से अंग्रेजी सुनते रहें। सबटाइटिल वाली अंग्रेजी फिल्में और धारावाहिक देखें । इंग्लिश गानों सुने। टीवी पर कुछ चैनल्स ऐसे हैं, जिन पर इंग्लिश गाने आते रहते हैं। उनकी रिदम को पकड़ें और फिर बोल को। धीरे-धीरे उन्हें गुनगुनाएं। आप जल्दी ही गानों के बोल को पकड़ने लगेंगे और फिर वह दिन दूर नहीं जब आप अंग्रेजी गाने सबको सुनाने भी लगेंगे। इसके लिए आप गानों के लिरिक्स भी इन्टरनेट के माध्यम से निकाल सकते है। पूरे वाक्य को समझने या जो भी बोला जा रहा है सब कुछ याद करने की कोशिश तो कतई भी न करें। बस, अंग्रेजी को अपने कानों में आने दें।

उच्चारण का अभ्यास ऊंची आवाज़ में करें

केवल अंग्रेजी पढ़ना और सुनना ही काफ़ी नहीं है, अंग्रेजी में बोलने काअभ्यास करना भी आवश्यक है। अभ्यास के समय कई लोगों की यह आदत होती है कि वे अपने मन ही मन में अंग्रेजी पढ़ते हैं. इससे उनके उच्चारण का अभ्यास नहीं हो पाता । अभ्यास के समय अंग्रेजी ऊंची आवाज़ में पढे ताकि कम से कम आपको आपका उच्चारण सुनाई दे सके ।

अनुवाद न करें, अंग्रेजी में सोचें

अनुवाद करने का काम बिल्कुल न करें। अपने दिमाग को यह बेतुका काम करने से मना कर दें। आपको दूसरी भाषा सीखने के लिए किसी अन्य भाषा पर निर्भर होने की आवश्यकता नहीं है। इसलिये अंग्रेजी को अंग्रेजी में ही समझने का प्रयास करे। अंग्रेजी सीखने और बोलने का एक महत्वपूर्ण कदम है अंग्रेजी में ही सोचना। हम पहले अपनी मातृ भाषा में सोचते हैं, उसके बाद उसका अंग्रेजी में अनुवाद करके बोलना चाहते हैं। अंग्रेजी बोलने की यह प्रक्रिया गलत है। अंग्रेजी बोलने को आसान बनाने के लिए हमें अपनी सोच में भी परिवर्तन लाना होगा। हमें अंग्रेजी को ही प्राथमिकता देकर उसी भाषा में स्वयं की सोचने की आदत को डालना होगा।

घबराएं नहीं और छोटे वाक्यों से शुरू करें

आरंभ में कम शब्दों और छोटे वाक्यों में बोलें । इस चरण में आपको एक अन्य धारणा तोड़नी है। जिस तरह से विदेशी हिंदी बोलते समय व्याकरण पर ध्यान नहीं देते हैं, कुछ गलतियां करते हैं, उसी तरह से आपको भी कुछेक गलतियां करने का अधिकार है। आपके लिए यह जानना जरूरी है कि जो लोग फर्राटेदार अंग्रेजी बोलते हैं, वे भी व्याकरण से जुड़ी अशुद्धियां करते हैं। लेकिन उनकी सबसे बड़ी विशेषता यही होती है कि वे बिना परेशान हुए या बिना रुके बोलते जाते हैं। धीरे-धीरे आपके अंदर का आत्मविश्वास जाग जाएगा और आप अपनी ओर से वाक्य बनाना शुरू कर देंगे।

अभ्यास करते रहें

किसी क्षेत्र में उत्कृष्टता को पाना पाने के लिए अभ्यास करना आवश्यक है। जीवन में कभी भी किसी तरह का कोई शॉर्ट कट नहीं होता। इसी तरह इंग्लिश सीखने के लिए भी कोई शॉर्ट कट नहीं है। केवल रोजाना अभ्यास के जरिए ही आप अपनी अंग्रेजी को बेहतर बना सकते हैं।

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